रांचीः झारखंड में प्रस्तावित परिसीमन के विरोध में आदिवासी संगठनों ने 30 अगस्त को रांची के मोरहाबादी मैदान में आदिवासी एकता महारैली का आयोजन किया है। इसकी तैयारी पूरी कर ली गई है। आयोजकों को दावा है कि महारौली में पूरे झारखंड के करीब 5 लाख लोग जुटेंगे। मंच मं एक ओर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और दूसरी ओर राहुल गांधी एवं सोनिया गांधी की तस्वीर लगी है। रैली में कांग्रेस प्रभारी के राजू भी शामिल होंगे, इसी पुष्टि कांग्रेस ने भी की है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को भी आमंत्रित किया गया है। बीजेपी नेताओं को इसमें शामिल होने की अपील की गई है। इस महारैली के मुख्य आयोजनकर्ता पूर्व मंत्री बंधू तिर्की है।
बंधू तिर्की ने दावा किया कि झारखंड में बीजेपी का जनाधार खत्म हो चुका है, इसलिए वह जैसे-तैसे परिसीमन और एसआईआर के भरोसे सत्ता हासिल करना चाहती है। उन्हें पता है कि अगर परिसीमन लागू हुआ तो झारखंड में आदिवासियों की आरक्षित लोकसभा और विधानसभा की सीटें घटेगीं। यह राज्य का मसला है, इसलिए सभी दलों को इसे लेकर सामने आना चाहिए। बंधू तिर्की ने महारैली को चर्च की प्रायोजित रैली बताने का विरोध किया। उन्होंने कहा कि क्या ईसाई आदिवासी नहीं हैं। धर्म परिवर्तन करने से क्या जाति बदल जाती है। अगर इसकी चिंता मिशनरी करती है, तो इसमें गलत क्या है। 30 अगस्त के बाद ऐसी बातें करने वालों से बात की जाएगी। उन्होंने कहा कि झारखंड निर्माण के बाद की ये सबसे बड़ी रैली होगी।
आदिवासी महाजुटान रैली को लेकर रांची पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर हाई अलर्ट जारी किया है।
रैली में राज्य के विभिन्न हिस्सों से बड़ी संख्या में आदिवासी समाज के लोगों के मोरहाबादी मैदान पहुंचने की संभावना को देखते हुए पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर व्यापक तैयारी की है।
एसएसपी राकेश रंजन ने जिले के सभी एसपी, डीएसपी और थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्र में विशेष सतर्कता बरतने का निर्देश दिया है।
सभी थाना प्रभारियों को क्षेत्र में लगातार भ्रमणशील रहने और किसी भी तरह की संदिग्ध गतिविधि की सूचना मिलने पर तत्काल कार्रवाई करने को कहा गया है।
पुलिस अधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्र की संवेदनशील जगहों पर विशेष नजर रखने का निर्देश भी दिया गया है। रैली को देखते हुए मोरहाबादी मैदान और इसके आसपास के इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की जाएगी। सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पुलिस लाइन में तैनात जवानों को भी ड्यूटी में लगाया जाएगा।
रैली स्थल पर आने-जाने वाले लोगों की गतिविधियों पर पुलिस की विशेष नजर रहेगी। भीड़ को नियंत्रित करने और किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पर्याप्त संख्या में पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी।
यातायात व्यवस्था पर विशेष फोकस
महाजुटान में बड़ी संख्या में लोगों के पहुंचने की संभावना को देखते हुए यातायात व्यवस्था को लेकर भी पुलिस ने तैयारी की है। मोरहाबादी और आसपास के प्रमुख मार्गों पर अतिरिक्त यातायात पुलिसकर्मियों की तैनाती की जाएगी।






