डेस्कः कांग्रेस छोड़कर बीजेपी का दामन थामकर राजनीति में पहचान बनाने वाले शहजाद पूनावाल क्या राजनीति छोड़ रहे हैं। यह बात इसीलिए उठ रही है कि उन्होंने खुद एक्स पर ये बयान शेयर किया और अब उन्होंने अपना एक्स बायो बदल लिया। क्या शहजाद पूनावाला ने बीजेपी से इस्तीफा दे दिया है? यह सवाल उनके सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म को देखकर उठ रहा है। हालांकि, अभी तक उनकी ओर से या पार्टी की तरफ से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
पूनावाला ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर अपना बायो अपडेट किया है, जिसमें अब BJP का जिक्र कहीं नजर नहीं आ रहा है।हालांकि, उन्होंने खुद को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का लाइफ लॉन्ग फॉलोअर्स बताया है। शहजाद पूनावाला ने पुराने इंटरव्यू के एक वीडियो क्लिप भी रीपोस्ट किए हैं, जिनमें वे सक्रिय राजनीति छोड़ने पर विचार करने की बात कर रहे हैं। हालांकि, शहजाद पूनावाले ने साफ तौर पर यह नहीं कहा है कि वो बीजेपी और सक्रिय राजनीति छोड़ रहे हैं।गुरुवार को शहजाद ने अपने अपडेटेड X बायो का स्क्रीनशॉट Yr शेयर किया, जिसमें लिखा है, ‘धर्म-इस्लाम, संस्कृति-हिंदू,विचारधारा- भारतीय, लेखक- GST की की यात्रा, पीएम नरेंद्र मोदी के आजीवन अनुयायी। कैप्शन में बस इतना लिखा, मेरा अपडेटेड बायो।

पूनावाला ने क्यों छोड़ी बीजेपी?
पूनावाला ने गुरुवार (30 जुलाई) को अपना X बायो अपडेट किया, लेकिन इस्तीफे की वजह साफ नहीं बताई। CNN-News18 की रिपोर्ट के मुताबिक, उन्होंने बीजेपी के शीर्ष नेतृत्व को अपना इस्तीफा सौंप दिया है।सूत्रों के हवाले से बताया गया है कि पूनावाला ने इसके पीछे निजी कारणों का हवाला दिया है।
राहुल गांधी पर निशाना साधते रहे हैं शहजाद पूनावाला
शहजाद पूनावाला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बीजेपी के समर्थक नेताओं में गिने जाते रहे हैं। वह टीवी डिबेट और अन्य मंचों पर अपने आक्रामक बयानों के लिए जाने जाते हैं। सोशल मीडिया पर भी वह लगातार कांग्रेस और उसके नेताओं, खासकर राहुल गांधी पर निशाना साधते रहे हैं। 38 वर्षीय शहजाद पूनावाला टीवी डिबेट और राजनीतिक मंचों पर बीजेपी का प्रमुख चेहरा रहे हैं। 2021 में उन्हें दिल्ली बीजेपी के सोशल मीडिया प्रकोष्ठ का प्रभारी बनाया गया था। उन्होंने अपने राजनीतिक करियर की शुरुआत कांग्रेस से की थी, लेकिन 2017 में राहुल गांधी के नेतृत्व और वंशवाद के मुद्दे पर कांग्रेस का विरोध करने के बाद बीजेपी में शामिल हो गए थे। फिलहाल उनके ताजा कदम को लेकर चर्चाएं जरूर हैं, लेकिन उन्होंने राजनीति छोड़ने की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।







