पलामू: मोहम्मदगंज प्रखंड क्षेत्र के लिए गौरव की बात है कि स्वर्गीय कृष्ण बिहारी सिंह की पोती एवं अभय सिंह की पुत्री डॉ. निधि कुमारी ने चिकित्सा क्षेत्र में उल्लेखनीय सफलता हासिल की है। उन्होंने नीट-पीजी 2026 में अखिल भारतीय रैंक 801 हासिल करने के साथ ही संघ लोक सेवा आयोग की संयुक्त चिकित्सा सेवा परीक्षा (सीएमएस) 2026 की लिखित परीक्षा भी उत्तीर्ण की है। एक ही वर्ष में चिकित्सा क्षेत्र की दोनों प्रतिष्ठित परीक्षाओं में सफलता हासिल कर उन्होंने अपनी मेहनत और प्रतिभा का परिचय दिया है।
डॉ. निधि का पालन-पोषण जमशेदपुर में हुआ, जहां उन्होंने प्रारंभिक एवं स्कूली शिक्षा प्राप्त की। इसके बाद उन्होंने राजेंद्र आयुर्विज्ञान संस्थान (रिम्स), रांची से एमबीबीएस की पढ़ाई पूरी की। एमबीबीएस के दौरान ही उन्होंने चिकित्सा क्षेत्र में विशेषज्ञता हासिल करने का लक्ष्य निर्धारित किया और इसकी तैयारी में जुट गईं।


नीट-पीजी 2026 में अखिल भारतीय रैंक 801 हासिल करने के बाद उनका लक्ष्य स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा प्राप्त कर बाल रोग विशेषज्ञ बनना है। इसके लिए वह दिल्ली के मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज, लेडी हार्डिंग मेडिकल कॉलेज, यूनिवर्सिटी कॉलेज ऑफ मेडिकल साइंसेज और वर्धमान महावीर मेडिकल कॉलेज एवं सफदरजंग अस्पताल सहित चिकित्सा विज्ञान संस्थान, बीएचयू, वाराणसी जैसे प्रतिष्ठित संस्थानों में प्रवेश का लक्ष्य लेकर आगे बढ़ रही हैं।इसी बीच डॉ. निधि ने संघ लोक सेवा आयोग की संयुक्त चिकित्सा सेवा परीक्षा 2026 की लिखित परीक्षा में भी सफलता हासिल की है। आयोग की ओर से जारी सफल अभ्यर्थियों की सूची में उनका नाम शामिल है। संयुक्त चिकित्सा सेवा परीक्षा के माध्यम से केंद्र सरकार के विभिन्न चिकित्सा पदों के लिए चिकित्सकों का चयन किया जाता है। लिखित परीक्षा में सफलता के बाद चयन प्रक्रिया के अन्य चरण भी होते हैं।हालांकि, डॉ. निधि का फिलहाल प्राथमिक लक्ष्य सरकारी सेवा में जाने के बजाय स्नातकोत्तर चिकित्सा शिक्षा प्राप्त कर बाल रोग में विशेषज्ञता हासिल करना है। वह आगे विशेषज्ञ चिकित्सक के रूप में चिकित्सा क्षेत्र में अपनी सेवाएं देना चाहती हैं।डॉ. निधि की इस दोहरी सफलता से परिवार में खुशी का माहौल है। उनकी उपलब्धि की खबर मिलने के बाद मोहम्मदगंज प्रखंड क्षेत्र में भी हर्ष है। स्वजनों, रिश्तेदारों, शुभचिंतकों और क्षेत्रवासियों ने उन्हें बधाई देते हुए उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। उनकी सफलता को क्षेत्र के विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायक बताया जा रहा है।






