गुमला : जेएसएससी, जेपीएससी और सीजीएल परीक्षा से जुड़े मामलों में सरकार की नीतियों के विरोध में प्रस्तावित पुतला दहन कार्यक्रम से पहले शनिवार को गुमला पुलिस ने छात्र नेताओं को हिरासत में ले लिया। छात्र नेताओं के अनुसार, 21 अगस्त को झारखंड राज्य के विभिन्न जिलों में छात्रों के आंदोलन के दौरान हुई घटना के विरोध में 22 अगस्त को गुमला में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का पुतला दहन करने की घोषणा की गई थी। कार्यक्रम शक्ति मंदिर पालकोट रोड से जुलूस निकालकर टावर चौक पर पुतला दहन करने का निर्धारित किया गया था।

कार्यक्रम शुरू होने से पहले ही पुलिस ने छात्र नेताओं को हिरासत में लेकर थाना पहुंचाया। कुछ देर थाना में बैठाने के बाद सभी को छोड़ दिया गया। स्थानीय पुलिस का कहना था कि पुतला दहन कार्यक्रम की सूचना पुलिस को नहीं दी गई। इसी कारण एहतियातन छात्र नेताओं को हिरासत में लिया गया। छात्र देवेंद्र उरांव का आरोप है कि जेएसएससी, जेपीएससी और सीजीएल सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े मामलों में सरकार ने छात्रों से किए वादों को पूरा नहीं किया है। उनका कहना है कि परीक्षा और पेपर लीक से जुड़े मामलों में पारदर्शिता एवं निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। छात्रों ने पूरे मामले की सीबीआई जांच कराने तथा दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। छात्र संगठन से जुड़े ज्योतिष राम और देवेंद्र लाल उरांव ने कहा कि छात्रों के अधिकार और रोजगार से जुड़े मुद्दों को लेकर आंदोलन जारी रहेगा। उन्होंने कहा कि सरकार को छात्रों की समस्याओं का समाधान गंभीरता से करना चाहिए। वहीं, पुलिस की कार्रवाई के बाद प्रस्तावित पुतला दहन कार्यक्रम को लेकर क्षेत्र में प्रशासनिक सतर्कता बढ़ा दी गई थी।






