डेस्कः संसद के मॉनसून सत्र के दौरान सरकार और विपक्ष के बीच गतिरोध खत्म हो गया है। विपक्षी दल एंटी पेपर लीक बिल पर चर्चा के लिए सहमत हो गए हैं। स्पीकर ओम बिरला की पहल पर प्रमुख राजनीतिक दलों के फ्लोर लीडर्स ने सदन में एंटी पेपर लीक बिल पर चर्चा के लिए सहमति जता दी है। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की पहल के बाद सभी प्रमुख राजनीतिक दलों ने मंगलवार से इस महत्वपूर्ण विधेयक पर चर्चा शुरू करने पर सहमति जाहिर की है।सदन की कार्यवाही के दौरान अध्यक्ष ओम बिरला ने सभी दलों से अपील की थी कि यह विषय देश के करोड़ों विद्यार्थियों, युवाओं और प्रतियोगी परीक्षाओं की पारदर्शिता से जुड़ा हुआ है। ऐसे में इस पर व्यापक और सार्थक चर्चा होना जरूरी है।
स्पीकर ने की फ्लोर लीडर्स से बात
स्पीकर की इस सकारात्मक पहल के बाद विभिन्न राजनीतिक दलों के फ्लोर लीडर्स से लोकसभा अध्यक्ष ने खुद बातचीत की। इसके परिणामस्वरूप सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों ने सहमति बनाते हुए मंगलवार को विधेयक पर विस्तृत चर्चा कराने का फैसला लिया। इससे सदन में सहमति और संवाद की भावना को भी बल मिला है।
एंटी पेपर लीक बिल पर होगी चर्चा
यह विधेयक सार्वजनिक परीक्षाओं में पेपर लीक, नकल, संगठित परीक्षा माफिया और अन्य अनुचित साधनों पर प्रभावी रोक लगाने के मकसद से लाया गया है। मंगलवार को होने वाली चर्चा के दौरान विभिन्न दल विधेयक के प्रावधानों पर अपने सुझाव और संशोधन भी रख सकते हैं। चर्चा के बाद सरकार इन सुझावों का जवाब देगी और इसके बाद विधेयक को सदन की स्वीकृति के लिए प्रस्तुत किया जाएगा।संसदीय परंपराओं के तहत अध्यक्ष ओम बिरला की पहल ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि महत्वपूर्ण राष्ट्रीय मुद्दों पर संवाद, सहमति और विस्तृत चर्चा ही लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत है। उनके प्रयासों से सभी दलों का चर्चा के लिए तैयार होना संसदीय गरिमा और लोकतांत्रिक मूल्यों का सकारात्मक उदाहरण माना जा रहा है।
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने लोकसभा में पेश किया बिल
नीट पेपर लीक के खिलाफ कई सप्ताह तक चले देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों के बाद केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने सोमवार (27 जुलाई) को लोकसभा में पेपर लीक विरोधी बिल पेश किया था। इस पर सत्तापक्ष के सदस्यों ने सदन की मेज थपथपाते हुए अपना समर्थन दिया। लोकसभा स्पीकर ने विधेयक पर संशोधन प्रस्तुत करने के लिए दोपहर एक बजे तक का समय निर्धारित किया था लेकिन विपक्ष के हंगामे के चलते आज इस पर चर्चा नहीं हो सकी।


