डेस्कः धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी फिलहाल प्रह्लाद जोशी को सौंपी गई है। प्रधानमंत्री की सलाह पर राष्ट्रपति ने उन्हें उनके मौजूदा मंत्रालयों के साथ शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार (Additional Charge) सौंपने का आदेश जारी किया है। राष्ट्रपति ने प्रधानमंत्री की सलाह पर उन्हें मौजूदा मंत्रालय के साथ शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार देने को मंजूरी दी है।पांच बार सांसद रह चुके जोशी पहले कोयला, खान और संसदीय मामलों के केंद्रीय मंत्री के तौर पर काम कर चुके हैं।

राष्ट्रपति सचिवालय की ओर से जारी अधिसूचना के मुताबिक, प्रह्लाद जोशी अपनी मौजूदा जिम्मेदारियों के साथ शिक्षा मंत्रालय का काम भी संभालेंगे। यानी फिलहाल उन्हें शिक्षा मंत्रालय का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है, जबकि उनके मौजूदा विभाग पहले की तरह उनके पास ही रहेंगे। प्रह्लाद जोशी के पास अभी खाद्य और उपभोक्ता मामलों का विभाग है. उन्हें अब इसके साथ शिक्षा मंत्रालय भी सौंपा गया है। जंतर-मंतर पर कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के विरोध प्रदर्शन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार दोपहर में इस्तीफा दे दिया था। उन्होंने अपना इस्तीफा प्रधानमंत्री मोदी को भेजा था। प्रधान ने कहा कि राष्ट्रसेवा मेरे जीवन की सर्वोच्च प्राथमिकता है।


