पटनाः बिहार की सम्राट चौधरी की सरकार ने बिहार के दो-दो पूर्व मुख्यमंत्री की सुरक्षा को लेकर बड़ा फैसला किया है। सरकार ने दोनों नेताओं की जेड प्लस श्रेणी की सुरक्षा फिर से बहाल कर दी गई है। उनकी बुलेटप्रूथ गाड़ी की सुविधा भी वापस मिल गई है। शुक्रवार को इसकी अधिसूचना जारी नहीं हो सकी, ऐसे में शनिवार को गृह मंत्रालय द्वारा इस संबंध में आदेश का इंतजार है।
सरकार ने हटाई थी ‘जेड प्लस’ सुरक्षा: इससे पहले 4 जून 2026 को 4 जून को बिहार सरकार के गृह विभाग के आरजेडी प्रमुख लालू प्रसाद और पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी की ‘जेड प्लस’ सुरक्षा वापस ले ली थी। हालांकि दोनों पूर्व मुख्यमंत्री हैं, इसलिए उन्हें कानूनी प्रावधान के तहत एसएसजी सुरक्षा मुहैया कराई गई थी।
लालू परिवार ने सरकारी सुरक्षा लौटा दी थी: हालांकि बिहार सरकार के इस आदेश के बाद विवाद हो गया था। जिसके बाद लालू परिवार ने अपनी सुरक्षा वापस लौटा दी थी। बिहार सरकार ने नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव की सिक्योरिटी में कोई बदलाव नहीं किया गया था, लेकिन बिहार सरकार के इस फैसले से नाराज होकर उन्होंने ने भी अपनी सरकारी सुरक्षा को वापस लौटा दिया था।
लालू-राबड़ी की सुरक्षा से समझौता- RJD: लालू-राबड़ी की सुरक्षा पर बिहार में राजनीतिक हंगामा खड़ा हो गया था। आरजेडी के मुख्य प्रवक्ता शक्ति यादव ने कहा था कि, ”बिहार की सम्राट सरकार ने जानबूझकर राजनीतिक कारण से सुरक्षा में कटौती की है और दोनों नेताओं की सुरक्षा से समझौता किया जा रहा है।”
Z सिक्योरिटी हुई बहाल, मिली बुलेटप्रूफ गाड़ी: फिलहाल तमाम सियारी हंगामे के बीच, लालू प्रसाद यादव और राबड़ी देवी को जेड श्रेणी की सुरक्षा शनिवार को बहाल हो जाएगी। हालांकि पार्टी ने इस सबंध में प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि, ”मीडिया से इस सबंध में जानकारी मिली है, उन्हें अब तक कोई आधिकारिक पत्र नहीं मिला है।”
क्या होती है जेड सिक्योरिटी?: जेड सुरक्षा में 24 घंटे शिफ्ट में 22 सुरक्षाकर्मी तैनात रहते हैं, जिसमें बिहार पुलिस, आईटीबीपी और सीआरपीएफ के जवान शामिल होते हैं। इसमें 4-5 नेशनल सिक्योरिटी गार्ड और एक एस्कॉर्ट कार मुहैया कराई जाती है। सभी सुरक्षाकर्मी आधुनिक हथियारों से लैस होते हैं।


