रांचीः मंगलवार को जेएससीए स्टेडियम में हुई भगदड़ मामले में बुधवार तक कोई प्राथमिकी-सनहा दर्ज नहीं हुई है और न ही किसी से पूछताछ ही की गई है। जेएससीए के उपाध्यक्ष संजय पांडे ने कहा कि हमने टी-20 मैच की जानकारी देकर प्रशासन से सुरक्षा बल मांगे थे। प्रशासन ने मजिस्ट्रेट और सुरक्षा बलों की भी तैनाती की थी। इसके बाद भी घटना घटी। उन्होंने बताया कि पुलिस ने हमसे बुधवार को स्टेडियम के नॉर्थ गेट के सीसीटीवी फुटेज मांगे हैं।
इधर, जिला प्रशासन ने कहा कि अभी पुलिस मामले की जांच कर रही है। प्रारंभिक रिपोर्ट देखने के बाद आवश्यकतानुसार विशेष जांच टीम बनायी जायेगी। इस बीच जेएससीए के उपाध्यक्ष संजय पांडे ने बताया कि बुधवार को पुलिस ने जेएससीए प्रबंधन से स्टेडियम के नॉर्थ गेट का सीसीटीवी फुटेज मांगा है, ताकि यह पता चल सके कि भगदड़ क्यों हुई, उन्होंने बताया कि स्टेडियम में प्रवेश नहीं मिल पाने से नाराज कुछ दर्शकों ने पत्थरबाजी भी की है। जेएससीए प्रबंधन और पुलिस पूरी घटना के लिए स्वयं की जवाबदेही से पल्ला झाड़ लिया है। जेएससीए और रांची पुलिस भगदड़ की घटना के लिए भीड़ को जिम्मेदार ठहरा रहे हैं। इस संबंध में सोशल एक्टििवस्ट ज्योति शर्मा ने डीसी, एसएसपी और जेएससीए सचिव को ज्ञापन भेज कर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की है।
DSP के बेटे को भी पाीट, ICU में चल रहा इलाज
भारी अव्यवस्था के कारण मची भगदड़ में सिल्ली डीएसपी मनीष चंद्र लाल के बेटे अनिमेष चंद्र लाल भी घायल हो गये हैं। वह अपने परिवार के साथ मैच देखने स्टेडियम गये थे। परिजनों आरोप है कि वहां अनिमेष को पुलिसकर्मियों ने बेरहमी से पीटा और बंदूक के कुंदे से भी हमला किया। पिटाई से अनिमेष गंभीर रूप से घायल हो गये। घटना के बाद उन्हें तत्काल इलाज के लिए रांची के पारस अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत गंभीर बतायी जा रही है। चिकित्सकों की निगरानी में उन्हें आईसीयू में रखा गया है।

JSCA ने कहा-सुरक्षा व्यवस्था पर करेंगे मंथन
मंगलवार को हुई भगदड़ ममाले में जेएससीए ने अफसोस जताया है, जेएससीए के उपाध्यक्ष संजय पांडे ने कहा कि भगदड़ होना और इसमें दर्शकों के घायल होने की घटना काफी दुखद है। उन्होंने कहा कि जेएससीए प्रबंधन को उम्मीद नहीं थी कि फाइनल में इतनी भीड़ उमड़ेगी। उन्होंने भगदड़ में घायल हुए लोगों के प्रति अफसोस जताया और बताया कि बुधवार को जेएससीए प्रबंधन ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर मंथन किया। भविष्य में होने वाले मैचों के लिए सुरक्षा की पुख्ता इंतजाम किये जाएंगे।
DC मंजूनाथ भजंत्री ने कहा- अभी तक कोई जांच टीम नहीं बनायी गयी है। इस मामले को गंभीरता से देखा जा रहा है। पुलिस मामले को देख रही है। आवश्यकता पड़ने पर जांच टीम गठित की जायेगी।




