रांचीःबोकारो ट्रेजरी घोटाले की जांच सीआईडी ने शुरू शुरू कर दिया है। ट्रेजरी में अवैध निकासी के मामले में एसआईटी ने कारवाई करते हुए एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है।गिरफ्तार अभियुक्त सतीश कुमार उर्फ सतीश कुमार सिंह गृह रक्षा वाहिनी से जुड़ा है और बोकारो पुलिस अधीक्षक कार्यालय के अकाउंट सेक्शन में प्रतिनियुक्त था। जांच में सामने आया कि उसके बैंक खाते में करीब ₹1.06 करोड़ का संदिग्ध लेन-देन हुआ है, जिसके आधार पर उसे हिरासत में लिया गया। इससे पहले इस कांड के मुख्य आरोपी लेखापाल कौशल कुमार पाण्डेय को गिरफ्तार किया जा चुका है, और सतीश कुमार को उसका करीबी सहयोगी बताया जा रहा है। एसआईटी अब इस पूरे नेटवर्क की गहराई से जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि अवैध निकासी में और कौन-कौन शामिल है।

SIT की सख्ती: बोकारो ट्रेजरी कांड में ₹43 लाख फ्रीज, सहयोगी की गिरफ्तारी से खुलेंगे और राज
बोकारो ट्रेजरी घोटाले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे नए खुलासे सामने आ रहे हैं। सीआईडी की एसआईटी टीम ने सतीश कुमार की गिरफ्तारी के साथ ही उसके खाते में मौजूद ₹43 लाख की राशि को फ्रीज कर दिया है। जांच एजेंसियों का मानना है कि यह रकम अवैध निकासी से जुड़ी हो सकती है। सतीश कुमार, जो पुलिस अधीक्षक कार्यालय के अकाउंट सेक्शन में तैनात था, मुख्य आरोपी कौशल कुमार पाण्डेय के साथ मिलकर इस घोटाले को अंजाम देने में सहयोग कर रहा था। अब उसकी गिरफ्तारी के बाद एसआईटी को उम्मीद है कि घोटाले से जुड़े कई और अहम सुराग हाथ लगेंगे। इस कार्रवाई से विभाग में हड़कंप मच गया है और अन्य कर्मचारियों की भूमिका भी जांच के दायरे में आ सकती है।

एसआईटी का नेतृत्व कर रहे आईजी पंकज कंबोज
झारखंड सरकार के आदेश के बाद बोकारो में कोषागार से अवैध राशि की निकासी मामले में संबंधित कांडों को टेकओवर करते हुए सीआइडी ने अनुसंधान शुरू किया है। बोकारो से जुड़े केस में सीआइडी थाने में 24 अप्रैल को कांड संख्या 06/2026 दर्ज किया गया है।



