- Advertisement -
CM-Plan AddCM-Plan Add

झारखंड की राजनीति में अगले कुछ दिन महत्वपूर्ण, विधायकों को राजधानी नहीं छोड़ने का निर्देश

रांची : झारखंड की राजनीति के लिए अगले कुछ दिन बहुत महत्वपूर्ण माने जा रहे है। बुधवार शाम हुई सत्तारूढ़ विधायकों की बैठक के बाद एक सुर में सभी विधायकों ने कहा था कि हेमंत मुख्यमंत्री है और रहेंगे। विधायकों के इस बयान से उस कयास को तो फिलहाल विराम मिल गया जिसमें ये कहा जा रहा था कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन इस्तीफा देंगे और गांडेय की खाली हुई सीट से अपनी पत्नी कल्पना सोरेन को चुनाव लड़ाएंगे और उन्हे मुख्यमंत्री की कुर्सी सौंप दी जाएगी।
मुख्यमंत्री ने विधायक दल की बैठक में अपने गठबंधन के सभी विधायकों को संबोधित करते हुए कहा था कि आपका सहयोग मिलता रहा तो हम संघर्ष करते रहेंगे। उन्होने कहा कि या तो हम उनके सामने सरेंडर कर दे या फिर संघर्ष करते रहे, हमने संघर्ष का मार्ग चुना है। मुख्यमंत्री ने विधायकों को साफ साफ संदेश दिया कि वो ईडी की संभावित कार्रवाई के आगे न टूटे है न टूटेंगे। इस पर सभी विधायकों ने भी सहमति देते हुए कहा कि वो उनके हर फैसले के साथ है और साथ रहेंगे।
सूत्र बताते है कि बैठक में सत्ता परिवर्तन को लेकर किसी तरह की कोई चर्चा नहीं हुई। विधायकों को केवल ये संदेश दिया गया कि वो रांची छोड़कर बाहर नहीं जाए अगले कुछ दिन। अगर किसी आवश्यक काम से जाना भी पड़ता है तो अपने विधायक दल के नेता को जरूर संदेश दे दे। इस बैठक में कांग्रेस की दो विधायक पूर्णिमा नीरज सिंह और दीपिका पांडे सिंह मौजूद नहीं थी। उनसे वीडियो कॉल पर बात की गई और उन्होने भी मुख्यमंत्री के प्रति भरोसा जताते हुए कहा कि वो उनके हर फैसले के साथ डटकर खड़ी है।
ईडी के 7 समन देने के बावजूद मुख्यमंत्री अभी तक उनके सामने पेश नहीं हुए है वही दूसरी ओर राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन राज्य से बाहर है। माना ये जा रहा है अब सत्ता पक्ष ईडी के अगले एक्शन के इंतजार में है। ऐसे में बुधवार को हुई विधायक दल की बैठक में सत्तापक्ष ने अपनी शक्ति का प्रदर्शन किया है।

See also  कौन बनेगा दिल्ली का CM? सबसे आगे चल रहे 3 बड़े नाम; 2 तो विधायक भी नहीं हैं
WhatsApp Channel Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now